श्री काशी विश्वनाथ दरबार का दर्शन कर शिवभक्त निहाल, कोरोना से मुक्ति दिलाने की गुहार

Newspoint24 /newsdesk Devotees of Shiv are happy after visiting Shri Kashi Vishwanath's court, pleading for liberation from Corona

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वाराणसी। श्री काशी विश्वनाथ दरबार में मंगलवार को पूरे दिन हर-हर महादेव का गगनभेदी उद्घोष गुंजायमान रहा। कोरोना संक्रमण काल में लगभग 54 दिन बाद दरबार आम शिवभक्तों ​के लिए खुलते ही शारीरिक दूरी के नियमों का पालन कर आस्थावानों की कतार लग गई। श्रद्धालुओं ने कोरोना प्रोटोकाल का पालन कर दरबार में हाजिरी लगाई और बाबा के दिव्य ज्योर्तिलिंग का दर्शन कर निहाल हो गये। 



 

दर्शन पूजन के दौरान शिवभक्तों ने हर-हर महादेव के उद्घोष के बीच बाबा से घर परिवार में सुख शान्ति और महामारी कोरोना से मुक्ति दिलाने के लिए गुहार भी लगाई। मंदिर में श्रद्धालुओं को झांकी दर्शन मिल रहा है, गर्भगृह में प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया गया है। ज्योर्तिलिंग पर माला-फूल, दूध, भस्म चढ़ाने के लिए भी अनुमति नहीं है। इसके पहले मंदिर में कोरोना निगेटिव रिपोर्ट दिखाने पर ही श्रद्धालुओं को दर्शन पूजन की अनुमति रही। शिवभक्तों को तीन दिन पूर्व का आरटीपीसीआर निगेटिव टेस्ट रिपोर्ट लाना अनिवार्य कर दिया गया था। जिससे आम भक्तों के साथ बाहर से आए शिवभक्त दर्शन पूजन से वंचित रह जाते थे। 

मंगलवार को श्री संकटमोचन दरबार भी आम श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया गया। मंदिर में कोविड प्रोटोकॉल के तहत भक्तों को दर्शन पूजन की अनुमति मिल रही थी। अनलॉक के पहले मंगलवार को दर्शन-पूजन करने के लिए युवाओं की कतार लग गई। लेकिन मंदिर प्रशासन ने कोविड के नियमों के अनुसार मुख्य गेट से पांच-पांच लोग जो मास्क लगाये थे, उनको ही प्रवेश दिया।

मंदिर से पांच लोग जब दर्शन करके निकास द्वार से निकल जाते थे, उसके बाद ही पांच लोगों को प्रवेश दिया जा रहा था। मंदिर के महंत प्रो.विश्वम्भर नाथ मिश्र ने बताया कि कोरोना संक्रमण को देखते हुए मंदिर में नियमों को पूरी तरह से पालन कराया जा रहा है। अनलॉक में लोग आस्था लेकर मंदिर पहुंच रहे हैं, उनकी आस्था को देखते हुए पूरी सुरक्षा के साथ मंदिर प्रशासन दर्शन-पूजन करा रहा है।

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