वाराणसी में डेंगू वायरल फीवर का प्रकोप , 114 पुष्ट रोगी मिलें , एक बेड पर दो बच्चों की भर्ती बनी मजबूरी

बीएचयू में वायरल फीवर, डेंगू के 21 मरीज हैं। मंडलीय अस्पताल में 9 बेड वाला डेंगू वार्ड भरा पड़ा है।

newspoint 24 / newsdesk / एजेंसी इनपुट के साथ 

वाराणसी। डेंगू, वायरल फीवर का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। मंडलीय अस्पताल का डेंगू वार्ड फुल है। वहीं, बीएचयू अस्पताल की इमरजेंसी में चिल्ड्रन (बच्चे) से लेकर अन्य वार्ड भरे पड़े हैं। बुखार और पेट संबंधी बीमारी वाले बच्चे अधिक हैं। इधर, शनिवार को जिले में डेंगू के सात संदिग्ध मरीज मिले हैं।


इनका आंकड़ा 1454 पहुंच गया है। 114 पुष्ट रोगी मिल चुके हैं। डेंगू, वायरल फीवर के बढ़ते मरीजों की संख्या को देख दीनदयाल अस्पताल में डेंगू, वायरल फीवर के मरीजों को भर्ती किया जा रहा है। जिले के सरकारी-निजी अस्पतालों में कुल 119 मरीजों का इलाज चल रहा है।

174 घरों में किया गया सर्वे

बीएचयू में वायरल फीवर, डेंगू के 21 मरीज हैं। मंडलीय अस्पताल में 9 बेड वाला डेंगू वार्ड भरा पड़ा है। जिला मलेरिया अधिकारी एससी पांडेय ने बताया कि अब तक मलेरिया के 106 मरीज मिल चुके हैं। शनिवार को स्वास्थ्य विभाग की ओर से 174 घरों में सर्वे किया गया, एक में डेंगू का लार्वा मिलने पर कार्रवाई की गई।

एक बेड पर दो बच्चों की भर्ती बनी मजबूरी

बीएचयू अस्पताल की इमरजेंसी के सभी वार्ड भरे पड़े हैं। चिल्ड्रेन वार्ड में बच्चों की संख्या इतनी अधिक है कि एक बेड पर दो का इलाज मजबूरी बन गई है। शनिवार को भी बेड नंबर पर 18 और 19 पर दो-दो बच्चों को भर्ती कर इलाज किया जा रहा है।

इस तरह की हालत तब है जब सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक में डेंगू, वायरल फीवर से पीड़ित बच्चों के लिए 30 बेड का अलग वार्ड बनाया गया है। बीएचयू इमरजेंसी के 25 बेड वाले चिल्ड्रेन वार्ड में भी हर बेड पर बच्चे भर्ती हैं। उधर, बाल रोग विभाग में भी हर बेड पर बच्चे भर्ती मिले।

Share this story