योगी रहेंगे...! बीजेपी ने किया साफ़ - मुलाकातों के पीछे की सही वजह जानिये 

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Newspoint24 / newsdesk 

नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेताों  और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बीच चल रही बैठकों को लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है । हालांकि, अब पार्टी ने इन चर्चाओं पर विराम लगा दिया है। पार्टी सूत्रों के मुताबिक, पार्टी नेताओं में कोई मतभेद नहीं है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ प्रधानमंत्री मोदी, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा और केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने उत्तर प्रदेश से जुड़े विभिन्न मुद्दों की समीक्षा की। 

बीजेपी के एक वरिष्ठ नेता ने कहा, 'इन बैठकों का मकसद आगामी विधानसभा चुनाव में जीत की रणनीति तैयार करना और प्रदेश नेतृत्व को यह संदेश देना है कि इस चुनाव में योगी ही मुख्य चेहरा होंगे। 

पिछले दो दिनों में दिल्ली में बीजेपी के वरिष्ठ नेताओं, पीएम मोदी, पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा, गृह मंत्री अमित शाह और यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बीच बैठकें हुई। सूत्रों ने बताया कि इन बैठकों का मकसद योगी के प्रति विश्वास दिखाना था ।
इतना ही नहीं, बल्कि केंद्र की योजनाओं के अनुपालन के मुद्दे, साथ ही राजनीतिक और नस्लीय समीकरण भी इन चर्चाओं के केंद्र में थे।

सूत्रों के मुताबिक, प्रधानमंत्री मोदी, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा और केंद्रीय मंत्री अमित शाह के साथ योगियों की बैठक में आगामी विधानसभा चुनाव के लिए रोडमैप को अंतिम रूप दिया गया। पार्टी नेताओं ने कहा कि पीएम और सीएम के बीच बैठक के दौरान विधानसभा चुनाव से पहले राज्य में केंद्रीय योजनाओं के लाभार्थियों की संख्या बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। वहीं, योगी ने प्रधानमंत्री मोदी को राज्य सरकार द्वारा कोरोना महामारी के दौरान किए गए कार्यों की जानकारी भी दी।

उत्तर प्रदेश में 2022 में विधानसभा चुनाव हैं। स्थानीय पंचायत चुनावों में खराब प्रदर्शन के बाद 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले बीजेपी को बड़ी परीक्षा का सामना करना पड़ रहा है ।यूपी में विधानसभा की 403 सीटें हैं।  लोकसभा में यहां से 80 सांसद चुने जाते हैं। यह भी कहा जाता है कि दिल्ली का रास्ता उत्तर प्रदेश से होकर गुजरता है।

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