पश्चिम बंगाल में हिंसा मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग

Violence case reached Supreme Court in West Bengal, demand for imposition of President's rule

Newspont24 / newsdesk 

नई दिल्ली । पश्चिम बंगाल में चुनाव के बाद हो रही हिंसा की सीबीआई जांच की मांग करने वाली एक याचिका सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई है। एक दूसरी याचिका में पश्चिम बंगाल में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की गई है। पहली याचिका भाजपा नेता और वरिष्ठ वकील गौरव भाटिया ने दायर की है जबकि दूसरी याचिका वकील साईं दीपक ने दायर की है।

गौरव भाटिया ने अपनी याचिका में कहा है कि पश्चिम बंगाल में चुनाव के बाद हिंसा की वारदातें हुई हैं। याचिका में कहा गया है कि तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं द्वारा पूरे पश्चिम बंगाल में हिंसा को अंजाम दिया जा रहा है। याचिका में कहा गया कि हिंसा के संबंध में कितने लोगों पर एफआईआर दर्ज की गई और उससे संबंधित कितने लोगों को गिऱफ्तार किया गया है इसकी जानकारी राज्य सरकार से मांगी जाए। गौरव भाटिया ने 2018 में भी पश्चिम बंगाल में भाजपा कार्यकर्ता दुलाल कुमार समेत भाजपा के दूसरे कार्यकर्ताओं की हत्या की सीबीआई जांच की मांग को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी।

वकील साईं दीपक ने अपनी याचिका में पश्चिम बंगाल में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की है। याचिका में कहा गया है कि पश्चिम बंगाल में संवैधानिक मशीनरी खत्म हो गई है। ऐसी परिस्थिति में पश्चिम बंगाल में कानून-व्यवस्था को बहाल करने के लिए अर्धसैनिक बलों की तैनाती की मांग की गई है। याचिका में कहा गया है कि पश्चिम बंगाल में हो रही हिंसा में किसी राजनेता की संलिप्तता की जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज की अध्यक्षता में एक एसआईटी गठित करने की मांग की गई है।

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