गुजरात के कई शहरों में हो रही तेज बारिश आफत बनी , सबसे ज्यादा असर राजकोट और जामनगर में

गुजरात के कई शहरों में हो रही तेज बारिश आफत बनी , सबसे ज्यादा असर राजकोट और जामनगर में

newspoint 24 / newsdesk / एजेंसी इनपुट के साथ 

अहमदाबाद। पिछले 24 घंटों से गुजरात के कई शहरों में हो रही तेज बारिश आफत बन गई है। राजकोट और जामनगर के आसपास के इलाकों में बाढ़ जैसी स्तिथि निर्मित हो गई हैं। इसका सबसे ज्यादा असर राजकोट और जामनगर में हुआ हैं। बादल फटने से राजकोट जिले में 24 घंटों के दौरान 7 इंच और वहीं जामनगर में 10 इंच बारिश रिकॉर्ड की गई है। कई इलाकों में 10 फीट तक पानी का भराव हो गया है ।

जूनागढ़ जिले में भी 6 इंच बारिश हुई है। इससे सोनरख और कालवा नदियों में बाढ़ आ गई। इससे निचले इलाकों में कई घर पानी में डूब गए हैं। फायर ब्रिगेड और एनडीआरएफ टीम ,पुलिस की टीमों ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है। मदद के लिए दूसरे जिलों से भी टीमों को बुलाया गया है। तीन गांव ऐसे हैं, जहां बाढ़ से सबसे ज्यादा तबाही हुई है।

अब तक 250  से ज्यादा लोगों का रेस्क्यू किया गया 

जामनगर के निचले इलाकों में हालात भयानक हो चुके हैं। लोग जान बचाने के लिए छतों पर डेरा डाले हुए हैं। NDRF की टीम उन्हें बचाने में जुटी है। शहर के कालावड में रेस्क्यू कर 31 लोगों के बचाया गया है। NDRF, पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीमें अब तक 230 से ज्यादा लोगों को निकाल चुकी हैं।



शपथ लेने से पहले ही नए मुख्यमंत्री एक्शन में आए

राज्य के नए मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने सोमवार दोपहर पद की शपथ ली। हालांकि, शपथ से पहले ही भूपेंद्र पटेल एक्शन में आ गए। उन्होंने जामनगर प्रशासन से बाढ़ के हालात पर बात की। साथ ही पानी से घिरे लोगों को जल्द सुरक्षित जगह पहुंचाने के लिए कहा है।


रणजीत सागर डैम भरने से पानी का संकट खत्म

गुजरात के सौराष्ट्र में पिछले 5 दिन से जोरदार बारिश जारी है। निचले इलाकों में पानी भरने से लोगों को काफी नुकसान हुआ है। इन परेशानियों के बीच राहत की बात ये है कि लगातार बारिश से रणजीत सागर डैम ओवरफ्लो हो गया है। इससे कई शहरों में पीने का पानी सप्लाई होता है। डैम खाली होने से सप्लाई में दिक्कत होने का अंदेशा था। अब ऐसे हालात बनने की आशंका खत्म हो गई है।

जामनगर-कलावड हाईवे बंद

पिछले 24 घंटों में जामजोधपुर में 2.25 इंच और जोदिया में 2 इंच बारिश दर्ज की गई है। वोकरा नदी और नदी-नालों का पानी से हाईवे डूब गया है। इससे जामनगर-कलावड हाईवे को बंद कर दिया गया है।
 

Share this story