मनरेगा में 302 करोड़ मानव दिवस रोजगार सृजन के साथ रचा नया कीर्तिमान: तोमर

newspoint24.com/newsdesk

नई दिल्ली । केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय ने चालू वित्त वर्ष 2020-21में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) में 302  करोड़ मानव दिवस रोजगार का सृजन कर नया कीर्तिमान रचा है। केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने यह जानकारी देते हुए बताया कि कोविड संकट काल में ग्रामीणजनों के रोजगार का मनरेगा बड़ा संबल बना है । हम आत्मनिर्भर गांवों से आत्मनिर्भर राष्ट्र की दिशा में अग्रसर हुए हैं।

तोमर ने सोमवार को बताया कि वर्ष 2019-20 में 265 करोड़ मानव दिवस रोजगार का सृजन हुआ था जबकि वर्ष 2018-19 में यह आंकड़ा 267 करोड़ मानव दिवस था। वर्तमान वित्तीय वर्ष में अभी तक 9 माह 11 दिन में ही 302.58 करोड़ मानव दिवस रोजगार सजृन हो चुका है, जो अब तक का सर्वाधिक है। इस वर्ष का एप्रूव्ड लेबर बजट 333.09 करोड़ मानव दिवस रखा गया है।

उन्होंने कहा कि मनरेगा में इस वर्ष अभी तक 10 करोड़ लोगों को रोजगार मिला, जो रिकार्ड है। कोविड परिस्थितियों को देखते हुए सरकार का विशेष ध्यान मनरेगा में रोजगार सृजन पर रहा है। वर्तमान वित्तीय वर्ष में मनरेगा का बजट प्रावधान 61,500 करोड़ रुपये रखा गया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में, इसमें 50,000 करोड़ रुपये की अभूतपूर्व वृद्धि कर मनरेगा के लिए कुल बजट 1,11,500 करोड़ रु. किया गया है। अब तक सरकार मनरेगा के लिए 84 हजार करोड़ रु. से ज्यादा राशि राज्यों को जारी कर चुकी है। वर्ष 2020-21 में प्रति व्यक्ति प्रतिदिन औसत मजदूरी 182 से बढ़ाकर 200 रु. कर दी है।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कोविड में लॉकडाउन के कारण बड़ी संख्या में प्रवासी श्रमिक अपने गांवों में लौटे थे। इन ग्रामीणों के सामने आजीविका का संकट था। ऐसे में मनरेगा और गरीब कल्याण रोजगार अभियानके तहत गांवों में कराए गए कार्यों से जहां इनकी आजीविका का संकट समाप्त हुआ, वहीं ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी बल मिला है।

ग्रामीण विकास के उद्देश्य से सरकार मनरेगा के तहत आजीविका विस्तार के साथ-साथ अधोसंरचना में व्यापक सुधार भी ला रही है। वर्ष 2020-21 में 62.65 लाख कार्य पूर्ण हुए। इनमें 11766 आंगनवाड़ी केंद्र, 159231 खेत तालाब, 36747 बकरी शेड, 120993 पशु शाला, 81215 वर्मी कम्पोस्ट पिट, 215507 सोख्ता गड्ढा, 60373 तालाब जीर्णोद्धार, 68675 चेक डैम, 76017 ट्रेंच, 248136 तालाब और 67764 कुओं का निर्माण पूर्ण किया गया है।

तोमर ने बताया कि मनरेगा में प्रत्येक वर्ग की सहभागिता को सुनिश्चित कर समाज के हर तबके के कल्याण की दिशा में कार्य किया जा रहा है। वर्तमान वित्तीय वर्ष में मनरेगा के तहत किए गए कार्यों में जहां 52.62 प्रतिशत महिलाओं की भागीदारी है वहीं अनुसूचित जाति-जनजाति की सहभागिता 38.10 प्रतिशत है।

Share this story