सेंसेक्स और निफ्टी ने बनाया तेजी का नया रिकॉर्ड, ऑल टाइम हाई पर पहुंचे दोनों सूचकांक

Newspoint24 / newsdesk  Sensex and Nifty set a new record of bullishness, both the indices reached all-time high

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नई दिल्ली । भारतीय शेयर बाजार ने आज कारोबार की शुरुआत करते ही जबरदस्त तेजी दिखाई। पॉजिटिव सेंटीमेंट्स के साथ शुरू हुए कारोबार में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) के सेंसेक्स ने शुरुआती मिनटों में ही 52 हजार,626.64 अंक का स्तर हासिल करके ऑल टाइम हाई का नया रिकॉर्ड बनाया। इसी तरह नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) के निफ्टी ने भी शुरुआती मिनटों में ही 15 हजार,835.55 अंक के स्तर पर पहुंच कर ऑल टाइम हाई का एक बार फिर नया रिकॉर्ड बनाया। 

बीएसई का सेंसेक्स इसके पहले 16 फरवरी 2021 को 52 हजार,516 अंक के स्तर तक पहुंचा था। लंबे समय तक यही स्तर सेंसेक्स का ऑल टाइम हाई बना रहा। क्योंकि 16 फरवरी के बाद के कारोबारी दिनों में सेंसेक्स लुढ़क कर 50 हजार अंक के स्तर से भी नीचे पहुंच गया था। लंबे समय तक 48 हजार और 49 हजार के दायरे में कारोबार करने के बाद सेंसेक्स ने 18 मई को 50 हजार का स्तर पार करने में एक बार फिर सफलता हासिल की थी। इसके बाद 26 मई को सेंसेक्स ने 51 हजार के स्तर को पार किया और 31 मई को सेंसेक्स 52 हजार के स्तर को भी पार कर गया। हालांकि उसके बाद 52 हजार,516 अंक के ऑल टाइम हाई तक पहुंचने में सेंसेक्स को 9 कारोबारी दिन का इंतजार करना पड़ा। उसके बाद आज इस सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन सेंसेक्स ने 326.17 अंक की तेजी के साथ 52 हजार,626.64 अंक तक छलांग लगाकर इस उपलब्धि को हासिल कर लिया। 

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी भी आज एक बार फिर ऑल टाइम हाई के नए रिकॉर्ड पर पहुंचने में सफल रहा। निफ्टी ने 2 दिन पहले 9 जून को ही पहली बार 15 हजार,800 अंक के स्तर तक पहुंचने में सफलता पाई थी। हालांकि कारोबार के अंत में हुई भारी बिकवाली के कारण निफ्टी टॉप लेवल से करीब 165 अंक नीचे गिर कर बंद हुआ था। गुरुवार को भी निफ्टी ने तेजी दिखाई, लेकिन 15 हजार,800 के स्तर तक पहुंचना उसके लिए संभव नहीं हो सका। लेकिन आज कारोबार शुरू होने के कुछ मिनट बाद ही निफ्टी ने जोरदार छलांग लगाई और 97.8 अंक की तेजी के साथ 15 हजार, 835.55 अंक के नए ऑल टाइम हाई पर पहुंच गया। 

फिलहाल शेयर बाजार में लिवाली और बिकवाली दोनों का दौर चल रहा है, जिसमें कभी लिवाले हावी होते हैं, तो कभी बिकवालों का जोर बढ़ता है। लेकिन अभी तक के कारोबार में ओवरऑल लिवाली का जोर ही ज्यादा है। 

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