शिवराज सरकार के मंत्री ने अस्पताल में बिताई रात, बुजुर्ग मरीजों के दबाए पैर, सुबह साथ किया नाश्ता

शिवराज सरकार के मंत्री ने अस्पताल में बिताई रात, बुजुर्ग मरीजों के दबाए पैर, सुबह साथ किया नाश्ता

Newspoint24/newsdesk/एजेंसी इनपुट के साथ

ग्वालियर।शिवराज सिंह सरकार के ऊर्जा मंत्री प्रद्युमन सिंह तोमर के सेवाभाव का एक वीडियो काफी चर्चा में है। प्रद्युमन सिंह तोमर अक्सर अपने किसी ने किसी अजीबोगरीब काम को लेकर चर्चा में रहते हैं। इस बार ऊर्जा मंत्री का एक नया कारनामा चर्चा में है और लोग तारीफ भी कर रहे हैं।

सोमवार रात वे मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए लगे शिविर में मरीजों को देखने पहुंचे। वे रात को फिर अपने घर ही नहीं लौटे, बल्कि वही पर रुक गए। रात को उन्होंने बुजुर्ग मरीजों के पैर दबाए। सुबह अपने हाथों से सबको नाश्ता बांटा और खुद भी उनके साथ वहीं बैठकर ही नाश्ता किया।  

बता दें कि ग्वालियर स्थित हजीरा सिविल अस्पताल को 80 लाख रुपये की लागत से तीन नई सौगाते देने के बाद यहां आयोजित मोतियाबिंद शिविर ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर पहुंचे थे। यहां उन्होंने पहले व्यवस्थाओं का जायजा लिया फिर मरीजों से उनका हाल चाल जाना।

इसके बाद ऊर्जा मंत्री के दिल में एकाएक क्या आया उन्होंने अस्पताल में ही रात रुकने का निर्णय ले लिया। ऊर्जा मंत्री ने इस दौरान देर रात तक बुजुर्ग मरीजों के पैर दबाकर उनकी सेवा की। सुबह अपने हाथों से चाय-नाश्ता कराया। ऊर्जा मंत्री का यह सेवा भाव देख यहां भर्ती मरीज भी भावुक हो गए । इसकी तस्वीरें जब सोशल मीडिया पर आईं तो लोग उनकी जमकर तारीफ़ कर रहे हैं। 

हर मरीज को बेहतर सुविधा देना सरकार का मकसद- तोमर 

ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के विधानसभा क्षेत्र ग्वालियर में स्थित हजीरा सिविल अस्पताल में आयोजित निशुल्क शिविर के प्रथम दिन मोतियाबिंद के सात ऑपरेशन हुए। साथ ही 65 नए रजिस्ट्रेशन भी हुए। इसी का निरीक्षण करने और तीन नई यूनिट्स का शुभारंभ करने पहुंचे ऊर्जा मंत्री ने कहा कि अस्पताल में आंखो के उपचार के लिए ऑपरेशन थियेटर, दो ब्लड डायलिसिस यूनिट एवं मैकेनाइज्ड लांउड्री का शुभारंभ हुआ है। हमारी सरकार का मकसद ही हर गरीब मरीज को बेहतर चिकित्सकीय सुविधाएं प्रदान करना है।  

मरीजों की परेशानियों के समझने के अस्पताल में किया रात्रि विश्राम - ऊर्जा मंत्री 
ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने कहा कि मरीजों की परेशानियों को समझने के लिये उन्होंने अस्पताल में ही रात्रि विश्राम किया है। इस 10 दिवसीय मोतियाबिंद शिविर में जितने भी मरीज आएंगे, उनका ऑपरेशन निशुल्क होगा। शिविर में प्रत्येक दिन तीस से चालीस मरीजों का ऑपरेशन नि:शुल्क किया जाएगा। उन्होंने कहा कि हमारी संस्था के कार्यकर्ता आने वाले मरीजों की सेवा के लिये उपस्थित रहकर उनको चाय-पानी की सुविधा देंगे।

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